कभी पड़ोसी के घर टीवी देखने जाती थीं भारती सिंह : आज खुद टीवी की दुनिया का बड़ा नाम, 90 के दशक की यादों ने किया भावुक

, मुंबई। कॉमेडियन और टीवी जगत की लोकप्रिय कलाकार भारती सिंह ने अपने संघर्ष के दिनों को याद करते हुए बचपन का एक दिलचस्प किस्सा साझा किया है। आज अपनी कॉमेडी और बेबाक अंदाज से घर-घर में पहचान बना चुकीं भारती ने बताया कि उनके बचपन में उनके घर में टीवी तक नहीं था। मनोरंजन के लिए वह मोहल्ले के दूसरे परिवार के घर टीवी देखने जाया करती थीं, लेकिन वहां भी उन्हें हमेशा टीवी देखने की अनुमति नहीं मिलती थी।
‘पूरे मोहल्ले में हर किसी के घर टीवी नहीं था’
‘द इंडियन गेम शो विद भारती एंड हर्ष’ के लेटेस्ट एपिसोड में 90 के दशक की यादों को सेलिब्रेट किया गया। इसी दौरान भारती ने अपने बचपन से जुड़ी यादें साझा कीं। उन्होंने बताया कि उस दौर में टीवी आज की तरह हर घर का हिस्सा नहीं हुआ करता था। उनके घर में टीवी नहीं था और मोहल्ले में भी कुछ गिने-चुने परिवारों के पास ही टेलीविजन हुआ करता था। भारती ने बताया कि वह अक्सर पड़ोस के एक परिवार के घर टीवी देखने पहुंच जाती थीं। हालांकि, वहां उन्हें ज्यादा देर बैठने की इजाजत नहीं मिलती थी।
‘टीवी के आगे पर्दा कर देते थे’
अपने पुराने दिनों को याद करते हुए भारती ने बताया कि जब वह पड़ोस में टीवी देखने जाती थीं तो कई बार परिवार के लोग टीवी के आगे पर्दा कर देते थे। इसके बाद उन्हें यह कहकर घर जाने के लिए कहा जाता था कि पढ़ाई नहीं करनी है क्या? भारती के लिए यह अनुभव भले ही उस वक्त अच्छा नहीं रहा हो, लेकिन आज वह इसे अपने संघर्ष और सफलता से जोड़कर देखती हैं। उन्होंने अपने पुराने पड़ोसियों को मजाकिया अंदाज में धन्यवाद भी दिया।
‘आप लोगों की वजह से मैंने इतनी मेहनत की’
भारती ने कहा कि वह अपने पुराने पड़ोसियों को धन्यवाद देना चाहती हैं, क्योंकि उनके घर से निकाले जाने की वजह से उन्होंने और ज्यादा मेहनत करने का संकल्प लिया। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि आज उन्हीं परिस्थितियों की वजह से वह खुद टीवी पर नजर आ रही हैं।
कॉमेडी और गेम्स से भरपूर है शो
‘द इंडियन गेम शो विद भारती एंड हर्ष’ एक एंटरटेनमेंट गेम शो है, जिसमें सेलिब्रिटीज अलग-अलग तरह के मजेदार चैलेंज में हिस्सा लेते हैं। शो में फिजिकल, कॉमेडी और स्किल आधारित गेम्स के जरिए प्रतिभागियों के बीच मुकाबला कराया जाता है। जीतने वाले कंटेस्टेंट्स को पुरस्कार जीतने का मौका मिलता है, जबकि कुछ गेम में हारने पर उन्हें मजेदार पनिशमेंट का सामना भी करना पड़ता है।
प्रफुल्ल तिवारी
एक अनुभवी पत्रकार और लेखक, जो देश और दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता के साथ आप तक पहुँचाते हैं।
