बुधवार, 30 सितंबर 202610:43:23 PM
Download App
Home/देश

हिन्दूओं को विभाजित करने के षड्यंत्र में लिप्त कांग्रेस : रेवंत रेड्डी के बयान पर भाजपा का तीखा हमला, राम-शिव को लेकर तेलंगाना सीएम के बिगड़े थे बोल

प्रफुल्ल तिवारी

प्रफुल्ल तिवारी

Sep 30, 2026
06:30 AM
रेवंत रेड्डी के बयान पर भाजपा का तीखा हमला, राम-शिव को लेकर तेलंगाना सीएम के बिगड़े थे बोल

नई दिल्ली। तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने भगवान राम और भगवान शिव को लेकर विवादित बयान दिया है। उन्होंने भगवान को भी अमीरों और गरीबों में बांट दिया है। रेवंत रेड्डी ने राम को जहां अमीरों का भगवान बताया है। वहीं शिव को गरीबों का। अपने इस बयान को लेकर रेवंत रेड्डी भाजपा के निशाने पर आ गए हैं। भाजपा सांसद और प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने तेलंगाना के सीएम पर जोरदार पलटवार किया है। साथ ही राहुल गांधी को भी अपने निशाने पर लिया।

सुधांशु त्रिवेदी ने बुधवार को एक प्रेस काॅन्फे्रंस कर आरोप लगाया कि कांग्रेस धर्म, क्षेत्र, भाषा और जाति के आधार पर समाज को विभाजित करने की राजनीति कर रही है। त्रिवेदी ने रेवंत रेड्डी के उत्तर-दक्षिण और आर्य-द्रविड़ संबंधी बयानों का भी उल्लेख किया। उन्होंने कांग्रेस के कुछ नेताओं के पुराने बयानों का हवाला देते हुए कहा कि पार्टी की राजनीति में क्षेत्रीय और सामाजिक विभाजन के मुद्दे लगातार उठाए जाते रहे हैं। त्रिवेदी ने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस अब भगवान राम और भगवान शिव को लेकर भी राजनीतिक विभाजन की रेखा खींच रही है।

राहुल गांधी पर भी साधा निशाना

भाजपा प्रवक्ता ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के बयानों का जिक्र करते हुए कांग्रेस की वैचारिक राजनीति पर सवाल उठाए। उन्होंने राहुल गांधी के ‘स्मैश पेट्रीआर्की’ वाले बयान का उल्लेख करते हुए महिला अधिकारों और सामाजिक मुद्दों पर कांग्रेस के रुख को लेकर भी सवाल खड़े किए।

त्रिवेदी ने आरोप लगाया कि कांग्रेस अलग-अलग सामाजिक समूहों के बीच राजनीतिक आधार बनाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने रेवंत रेड्डी के पूर्व में दिए गए क्षेत्रीय और सामाजिक पहचान से जुड़े बयानों को भी अपने तर्क का हिस्सा बनाया।

कांग्रेस ने बयान को बताया राजनीतिक टिप्पणी

वहीं, कांग्रेस ने रेवंत रेड्डी के बयान का बचाव किया है। तेलंगाना कांग्रेस अध्यक्ष महेश कुमार गौड़ ने कहा कि मुख्यमंत्री की टिप्पणी का उद्देश्य भगवान राम या भगवान शिव का अपमान करना नहीं था। उनके मुताबिक, रेवंत रेड्डी भाजपा द्वारा भगवान राम के राजनीतिक इस्तेमाल पर सवाल उठा रहे थे और दोनों देवताओं के प्रति आस्था का सम्मान करते हैं।

रेवंत रेड्डी की टिप्पणी के बाद भाजपा और कांग्रेस के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। विवाद में धार्मिक प्रतीकों के राजनीतिक इस्तेमाल के साथ-साथ उत्तर-दक्षिण पहचान का मुद्दा भी प्रमुखता से सामने आया है।

प्रफुल्ल तिवारी
Written By

प्रफुल्ल तिवारी

एक अनुभवी पत्रकार और लेखक, जो देश और दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता के साथ आप तक पहुँचाते हैं।

आपको यह खबर कैसी लगी? शेयर करें

अपने दोस्तों और परिवार के साथ साझा करें