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बैठक से पहले बिखरा इंडिया अलायंस : शिवराज ने राहुल पर किया वार, कहा- जिसे कांग्रेसी ही नेता नहीं मान रहे, उसे देश कैसे मानेगा

प्रफुल्ल तिवारी

प्रफुल्ल तिवारी

Sep 30, 2026
07:22 AM
शिवराज ने राहुल पर किया वार, कहा- जिसे कांग्रेसी ही नेता नहीं मान रहे, उसे देश कैसे मानेगा

नई दिल्ली। विपक्षी गठबंधन- इंडिया अलायंस की आज दिल्ली में बड़ी बैठक हो रही कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की अध्यक्षता में आहूत की गई इस अहम बैठक में गठबंधन से जुड़े सभी राजनीतिक दल हिस्सा ले रहे हैं। हालांकि इस बैठक से डीएमके-समाजवादी पार्टी ने दूरी बना दी है। जिसको लेकर सियासी बयानबाजी शुरू हो गई है। केन्द्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने राहुल गांधी पर तीखा वार किया है। उन्होंने दावा किया कि गठबंधन के कई दल राहुल गांधी को अपना नेता स्वीकार करने के लिए तैयार नहीं हैं। इतना ही नहीं कांग्रेस के भीतर भी राहुल गांधी के नेतृत्व को लेकर सवाल उठते रहे हैं।

‘राहुल को नेता मानने की अपील क्यों?’

केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि राहुल गांधी खुद कांग्रेस वर्किंग कमेटी की बैठक में नेताओं से उन्हें नेता मानने और उन पर विश्वास करने की अपील कर रहे हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि जब कांग्रेस के नेता ही राहुल गांधी को लेकर स्पष्ट नहीं हैं, तो देश उन्हें अपना नेता कैसे स्वीकार करेगा। उन्होंने कहा कि इंडी गठबंधन में राहुल गांधी की नेतृत्व भूमिका को लेकर सहमति नहीं बन पा रही है। इसी वजह से गठबंधन के कुछ सहयोगी दल प्रस्तावित बैठक में शामिल नहीं हो रहे हैं।

सहयोगी दलों की गैरमौजूदगी का किया जिक्र

केंद्रीय मंत्री ने अपने बयान में डीएमके, समाजवादी पार्टी और आम आदमी पार्टी का भी उल्लेख किया। उन्होंने दावा किया कि डीएमके बैठक में शामिल नहीं हो रही है, जबकि समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव किसी अन्य कार्यक्रम में व्यस्त हैं। वहीं, आम आदमी पार्टी पहले ही बैठक में शामिल होने से इनकार कर चुकी है। शिवराज ने शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे की भागीदारी को लेकर भी कहा कि वह बैठक में प्रत्यक्ष रूप से मौजूद नहीं रहेंगे और वर्चुअली जुड़ेंगे।

नेतृत्व को लेकर विपक्षी गठबंधन पर सवाल

केन्द्रीय मंत्री शिवराज ने इन घटनाक्रमों को आधार बनाते हुए इंडी गठबंधन की एकजुटता पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि बैठक आयोजित होने से पहले ही सहयोगी दलों के बीच मतभेद दिखाई दे रहे हैं। हालांकि, सहयोगी दलों की बैठक में भागीदारी को लेकर अलग-अलग राजनीतिक और संगठनात्मक कारण हो सकते हैं। शिवराज सिंह चैहान का बयान ऐसे समय आया है, जब विपक्षी दलों के बीच समन्वय और नेतृत्व को लेकर राजनीतिक चर्चा जारी है।

प्रफुल्ल तिवारी
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प्रफुल्ल तिवारी

एक अनुभवी पत्रकार और लेखक, जो देश और दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता के साथ आप तक पहुँचाते हैं।

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