मोहन कैबिनेट के बड़े फैसले : सड़क, कृषि, पुलिस और पर्यटन पर बड़ा दांव, भोपाल-विदिशा फोरलेन को भी मंजूरी

भोपाल। मुख्यमंत्री डाॅ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को कैबिनेट बैठक हुई। मंत्रालय में हुई बैठक में विकास, सड़क, कृषि, पुलिस और पर्यटन से जुड़े कई अहम फैसलों को मंजूरी दी। कैबिनेट ने पुलिस विभाग में 27,500 से अधिक पदोन्नतियां किए जाने और औद्योगिक सुरक्षा बल की पहली इकाई खंडवा में स्थापित किए जाने के प्रस्ताव पर मुहर लगाई। बैठक में लिए गए फैसलों की जानकारी स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने दी।
मंत्री सिंह ने बताया कि भोपाल-विदिशा मार्ग को दो लेन से बढ़ाकर चार लेन किया जाएगा। इसके अलावा इछावर के औरखेड़ी में सोयाबीन अनुसंधान केंद्र के लिए जमीन निरूशुल्क आवंटित करने का फैसला लिया गया है। सरकार ने पुलिस व्यवस्था, पर्यटन और विमानन क्षेत्र को लेकर भी कई महत्वपूर्ण योजनाओं को आगे बढ़ाया है।
भोपाल-विदिशा मार्ग होगा फोरलेन
कैबिनेट ने भोपाल से विदिशा के बीच सड़क को चार लेन करने की परियोजना को मंजूरी दी है। परियोजना की लागत पहले 1467 करोड़ रुपये थी, जिसे बढ़ाकर करीब 1617 करोड़ रुपये किया गया है। ग्रामीण क्षेत्रों की कृषि भूमि के लिए नए मल्टीप्लिकेशन फैक्टर की लागत में करीब 140 करोड़ रुपये की वृद्धि के बाद परियोजना की कुल स्वीकृत लागत लगभग 1757 करोड़ रुपये हो गई है।
सड़क के साथ शोल्डर का निर्माण भी किया जाएगा। परियोजना की अवधि 17 वर्ष रखी गई है। सरकार का मानना है कि बेहतर सड़क संपर्क से भोपाल और विदिशा के अलावा आसपास के क्षेत्रों को भी बड़ा बाजार मिलेगा। इससे उद्योग, होटल और लॉजिस्टिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
भोपाल को मेट्रोपॉलिटन क्षेत्र बनाने की तैयारी
सरकार भोपाल को मेट्रोपॉलिटन क्षेत्र के रूप में विकसित करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। इसके लिए राजधानी को आसपास के शहरों से बेहतर सड़क संपर्क से जोड़ने पर जोर दिया जा रहा है। मंत्री ने बताया कि भोपाल बायपास से दो वर्षों में करीब 145.87 करोड़ रुपये का टोल संग्रह हुआ है। औसतन सालाना करीब 77 करोड़ रुपये टोल वसूला गया। कैबिनेट ने 19 जुलाई 2026 से 31 दिसंबर 2031 तक टोल संग्रह की अनुमति दी है।
इछावर में सोयाबीन पर होगा बड़ा शोध
सोयाबीन उत्पादक किसानों के लिए इछावर के औरखेड़ी में अनुसंधान केंद्र स्थापित किया जाएगा। इसके लिए इंडियन काउंसिल ऑफ एग्रीकल्चरल रिसर्च को जमीन निरूशुल्क आवंटित की जाएगी। केंद्र में सोयाबीन की खेती और उत्पादन से जुड़े शोध के साथ किसानों को आधुनिक तकनीक की जानकारी दी जाएगी। सरकार का लक्ष्य अनुसंधान का सीधा लाभ किसानों तक पहुंचाना और उत्पादन बढ़ाना है।
वंदे मातरम, जनविश्वास और पर्यटन पर जोर
80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर पहली बार सामूहिक रूप से वंदे मातरम का गान कराने की तैयारी है। 14 अगस्त को विभाजन की विभीषिका की स्मृति में कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। वहीं जनविश्वास अभियान की रिपोर्ट को सरकार ने सकारात्मक बताया है और स्थानीय स्तर पर लोगों की समस्याओं का समाधान करने पर जोर दिया है।
पर्यटन क्षेत्र में होम स्टे को बढ़ावा देने के लिए करीब 1000 लोगों को प्रशिक्षण देने की योजना है। सरकार स्थानीय लोगों को पर्यटन से जोड़कर रोजगार के अवसर बढ़ाना चाहती है।
एविएशन सेक्टर में भी विस्तार
मंत्री ने बताया कि BRICS सम्मेलन से मध्य प्रदेश को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिली है। अब प्रदेश को विमानन उद्योग में आगे ले जाने के प्रयास किए जा रहे हैं। रीवा, सतना और दतिया में एयरपोर्ट तैयार हो चुके हैं। इसके अलावा भोपाल से शाहजहांपुर के बीच हवाई सेवा शुरू करने का लक्ष्य भी रखा गया है।
प्रफुल्ल तिवारी
एक अनुभवी पत्रकार और लेखक, जो देश और दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता के साथ आप तक पहुँचाते हैं।
