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E20 पेट्रोल पर वायरल “चींटियां” दावा फर्जी : BPCL ने बताया सच, वैज्ञानिक रूप से बेबुनियाद निकली अफवाह

अभिलाषा कनाडे

अभिलाषा कनाडे

Jun 18, 2026
11:34 AM
BPCL ने बताया सच, वैज्ञानिक रूप से बेबुनियाद निकली अफवाह

भोपाल (बिजनेस डेस्क)। E20 फ्यूल एक बार फिर चर्चा में है। सोशल मीडिया पर E20 पेट्रोल में चीटियां लगने का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में दावा किया जा रहा है कि इथेनॉल ब्लेंडेड फ्यूल के इस्तेमाल से कार के फ्यूल कैप पर चीटिंयां लग रही हैं। सोशल मीडिया पर ऐसे वीडियो का तेजी से वायरल होना कई वाहन मालिको के मन में सवाल खड़े कर रहा है। क्या सच में E20 पेट्रोल चींटियों को आकर्षित करता है? या फिर यह सिर्फ एक अफवाह है? जिसको लेकर अब इस मामले में BPCL ने क्लियरिफिकेशन देते हुए अपने X पर पोस्ट जारी किया है। BPCL ने वैज्ञानिक तथ्यों के साथ जवाब दिया है और साफ कहा है कि E20 पेट्रोल को चींटियों से जोड़ने वाले दावों का कोई आधार नहीं है।

फ्यूल कैप पर चींटियों का वायरल वीडियो

भारत सरकार से पूरे देश में E20 फ्यूल को कानूनी मंजूरी मिलने के बाद सोशल मीडिया पर इसको लेकर कई तरह के पोस्ट और वीडियो सामने आए। जिनमें एक वीडियो एक कार के फ्यूल कैप के आस-पास चीटियां जमा होने वाला भी था। लोगों का मानना था कि, ऐसा इसलिए है क्योंकि इथेनॉल गन्ने से बनता है और देखते ही देखते ये वीडियो तेजी से वायरल हो गया। 

इन दावों का कोई वैज्ञानिक आधार नहीं: BPCL

इस दावे पर भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (BPCL) ने साफ कहा है कि सोशल मीडिया पर चल रहे दावों का कोई वैज्ञानिक आधार नहीं है। BPCL के मुताबिक, पेट्रोल में मिलाया जाने वाला फ्यूल-ग्रेड इथेनॉल एक विशेष प्रक्रिया से तैयार किया जाता है। जिसे फर्मेंटेशन और डिस्टिलेशन तकनीकों के जरिए बनाया जाता है, जिससे अंतिम उत्पाद में किसी भी प्रकार की चीनी नहीं बचती है। इसके अलावा, कंपनी बताती है कि फ्यूल इथेनॉल में डिनैचुरेंट्स मिलाए जाते हैं, जो कीड़ों और छोटे जीवों को दूर रखने में मदद करते हैं। इसलिए इसमें ऐसा कोई तत्व मौजूद नहीं होता जो चींटियों को आकर्षित करें।

जब इस इथेनॉल को पेट्रोल में मिलाया जाता है, तो पेट्रोल की हाइड्रोकार्बन आधारित गंध ही प्रमुख रूप से बनी रहती है। इथेनॉल की अपनी अलग गंध इतनी प्रभावशाली नहीं होती कि वह चींटियों या अन्य कीड़ों को आकर्षित कर सके। BPCL  ने कहा कि ये बातें सिर्फ भ्रम और अधूरी जानकारी का नतीजा हैं। वैज्ञानिक रूप से देखें तो इस दावे का कोई ठोस आधार नहीं है। ऐसे में अफवाहों पर भरोसा करने के बजाय आधिकारिक और प्रमाणित जानकारी पर ही ध्यान देना चाहिए।

TV27 NEWS का संकल्प है फेक न्यूज के खिलाफ मुहिम

TV27 NEWS डिजिटल साक्षरता को लेकर गंभीर है और इसे अपने कार्यव्यवहार के 10 संकल्पों में शामिल किया है। इन 10 संकल्पों में डिजिटल साक्षरता को भी लिया गया है। जिसमें फेक न्यूज के प्रति जागरूक करना प्रमुख है। सोशल मीडिया के बहुतायत उपयोग के दौर में सावधानी बरतने की भी ज़रूरत है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म लर्निंग और एक्सप्लोरिंग का जरिया है और यह तकनीक हर यूजर की पहुंच में है। हर प्रकृति का व्यक्ति इसका इस्तेमाल अपने अनुरूप कर रहा है। ऐसे दौर में डिजिटल साक्षरता की जरूरत है। TV27 NEWS इसी तरह डिजिटल दुनिया में गलतफहमी पैदा कर रही सामग्री के प्रति जागरूक करने की मुहिम चला रहा है। जिन 10 संकल्प को मुहिम के तौर पर जनता के बीच पहुंचाने के प्रयास हो रहे हैं, उसमें वंदे मातरम्—एकता की गूंज, अधिकार नहीं- कर्तव्य सर्वोपरि, राष्ट्ररक्षा और तकनीक के साथ देश सबसे पहले, विश्वबंधु भारत, विश्वबंधु भारत, आत्मनिर्भर और डिजिटल मध्यप्रदेश, सशक्त युवा-सशक्त मध्य प्रदेश, नारी का सम्मान, प्रकृति की सुरक्षा, अन्नदाता का सम्मान शामिल है।

अभिलाषा कनाडे
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अभिलाषा कनाडे

खबरी दुनिया की ऑल राउंडर। टीवी जर्नलिज़्म में एक दशक का सफर पूरा कर रही हैं। टीवी से लेकर डिजिटल मीडिया का प्रगाढ़ अनुभव।

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