शनिवार, 15 अगस्त 202612:55:14 PM
Download App
Home/देश

लाल किले की प्राचीर में गूंजा वंदे मातरम : पीएम मोदी ने फहराया राष्ट्रीय ध्वज, बोले- अब छोटे सपनों से नहीं चलेगा देश, विकास की रफ्तार पर गिनाईं उपलब्धियां

प्रफुल्ल तिवारी

प्रफुल्ल तिवारी

Aug 15, 2026
03:03 AM
पीएम मोदी ने फहराया राष्ट्रीय ध्वज, बोले- अब छोटे सपनों से नहीं चलेगा देश, विकास की रफ्तार पर गिनाईं उपलब्धियां

नई दिल्ली। आज भारत की धरती पर देशभक्ति का सैलाब उमड़ पड़ा है। 80वें स्वतंत्रता दिवस पर आसमान में शान से लहराता तिरंगा, जुबां पर भारत माता का जयघोष और दिलों में वीर शहीदों की अमर गाथाएं... हर तरफ राष्ट्रप्रेम की अद्भुत तस्वीर दिखाई दे रही है। कश्मीर से कन्याकुमारी तक देश एक सुर में आजादी का पर्व मना रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से राष्ट्रीय ध्वज फहराया और देशवासियों को संबोधित किया। पीएम ने लगातार 13वीं बार ध्वजारोहण किया। खास बात यह रही की लाल किले पर पहली बार वंदे मातरम गाया गया। उसके बाद राष्ट्रगान हुआ, 21 तोपों की सलामी दी गई।

बड़े सपनों से ही बनेगा विकसित भारत

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि अब देश छोटे सपनों से चलने वाला नहीं है। भारत को बड़े सपने देखने होंगे, क्योंकि बड़े सपने सोच का विस्तार करते हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी राष्ट्र की महानता उसके सपनों, संकल्पों और सामर्थ्य से तय होती है। उन्होंने कहा कि जब संकल्प दृढ़ होता है तो कठिनाइयों और आपदाओं के बीच से रास्ता निकालने का सामर्थ्य अपने आप पैदा होता है। देश के सपने जितने ऊंचे होंगे, प्रयास और सामर्थ्य भी उतने ही ऊंचे होंगे। प्रधानमंत्री ने 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के संकल्प को दोहराया।

ऊर्जा सुरक्षा देश के लिए अहम

पीएम मोदी ने अपने संबोधन में ऊर्जा सुरक्षा को देश के भविष्य के लिए बेहद महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि आज दुनिया ऊर्जा के बिना आगे नहीं बढ़ सकती और भारत को आने वाले समय में बड़ी मात्रा में बिजली की जरूरत होगी। इसी दिशा में सरकार ने मजबूत कदम उठाए हैं। उन्होंने 2047 तक 100 गीगावॉट का लक्ष्य हासिल करने की बात कही।

स्वदेशी और आत्मनिर्भरता पर जोर

प्रधानमंत्री ने कहा कि ‘मेक इन इंडिया’, स्वदेशी और स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने की भावना अब हर भारतीय के मन से जुड़ रही है। उन्होंने सेमीकंडक्टर के क्षेत्र में भारत की प्रगति का उल्लेख करते हुए कहा कि देश में तीन संयंत्र शुरू हो चुके हैं और वहां से निर्यात भी शुरू हो गया है।

विकास की रफ्तार पर गिनाईं उपलब्धियां

प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत को अब दूसरे देशों पर निर्भर रहने के बजाय अपनी क्षमताओं को मजबूत करना होगा। उन्होंने बताया कि बीते 12 वर्षों में रक्षा उत्पादन चार गुना, खादी और ग्रामोद्योग पांच गुना तथा बिजली से चलने वाले उपकरणों का उत्पादन सात गुना बढ़ा है। रेलवे डिब्बों का निर्माण 21 गुना और मोबाइल फोन उत्पादन 33 गुना बढ़ा है।

उन्होंने कहा कि इंटरनेट उपयोगकर्ता चार गुना और डिजिटल लेन-देन 100 गुना बढ़े हैं। इसके अलावा नल से जल, गैस कनेक्शन, शौचालय और गरीबों के लिए घर उपलब्ध कराने की रफ्तार में भी कई गुना वृद्धि हुई है। प्रधानमंत्री ने विश्वास जताया कि भारत को 2047 में विकसित राष्ट्र बनने से कोई रोक नहीं सकता।

बाढ़ प्रभावित परिवारों के साथ खड़ा है पूरा देश

प्रधानमंत्री ने देश के कुछ हिस्सों में आई बाढ़ का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि हाल के दिनों में बाढ़ के कारण अनेक परिवार प्रभावित हुए हैं। उनके दुख और पीड़ा को पूरा देश महसूस कर रहा है। उन्होंने प्रभावित परिवारों को भरोसा दिलाया कि सरकार और पूरा देश उनके साथ खड़ा है। प्रधानमंत्री ने कहा कि संकट की इस घड़ी में प्रभावित लोगों को हरसंभव सहायता पहुंचाने का प्रयास जारी रहेगा।

‘वंदे मातरम’ से गूंजा लाल किला

स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान लाल किले पर देशभक्ति और राष्ट्रीय गौरव का अद्भुत माहौल देखने को मिला। प्रधानमंत्री द्वारा राष्ट्रीय ध्वज फहराए जाने के बाद राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ का गायन हुआ। इस वर्ष वंदे मातरम् के 150 वर्ष पूरे होने के कारण समारोह का महत्व और बढ़ गया है। स्वतंत्रता आंदोलन में इस गीत की भूमिका और देश की राष्ट्रीय चेतना से इसके जुड़ाव को भी याद किया गया।

2047 के भारत का सपना

प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में साफ संदेश दिया कि भारत अब सीमित लक्ष्यों के साथ आगे नहीं बढ़ेगा। बड़े सपने, मजबूत संकल्प और सामूहिक प्रयास ही देश को नई ऊंचाइयों तक ले जाएंगे।

लाल किले की प्राचीर से प्रधानमंत्री ने देशवासियों से 2047 तक विकसित भारत बनाने के संकल्प को मजबूत करने का आह्वान किया। स्वतंत्रता दिवस के मौके पर दिया गया यह संदेश देश की अगली पीढ़ी के लिए बड़े लक्ष्य और नई दिशा तय करने वाला रहा।

प्रफुल्ल तिवारी
Written By

प्रफुल्ल तिवारी

एक अनुभवी पत्रकार और लेखक, जो देश और दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता के साथ आप तक पहुँचाते हैं।

आपको यह खबर कैसी लगी? शेयर करें

अपने दोस्तों और परिवार के साथ साझा करें