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मिडिल ईस्ट में जगी शांति की नई उम्मीद, : पीएम मोदी ने पहल किया स्वागत, एक्स पर वैश्विक स्थिरता पर जताया भरोसा

प्रफुल्ल तिवारी

प्रफुल्ल तिवारी

Jun 15, 2026
08:16 AM
पीएम मोदी ने पहल किया स्वागत, एक्स पर वैश्विक स्थिरता पर जताया भरोसा

नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में लंबे समय से जारी तनाव और संघर्ष के बीच अमेरिका और ईरान के बीच एक महत्वपूर्ण समझौते की घोषणा ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय को राहत दी है। भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस पहल का स्वागत करते हुए इसे क्षेत्रीय शांति और वैश्विक स्थिरता की दिशा में एक सकारात्मक कदम बताया है।

प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि वह अमेरिका और ईरान के बीच संघर्ष समाप्त करने के लिए बनी सहमति का स्वागत करते हैं। उन्होंने इस संघर्ष के दौरान वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पड़े नकारात्मक प्रभावों और कई देशों में हुई जनहानि का उल्लेख भी किया। पीएम मोदी ने उम्मीद जताई कि इस समझौते के प्रभावी क्रियान्वयन से पश्चिम एशिया में शांति और स्थिरता बहाल होगी, साथ ही समुद्री व्यापार मार्गों पर निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित हो सकेगी।

ट्रंप ने की समझौते की घोषणा

इस बीच, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस समझौते की घोषणा करते हुए इसे एक ऐतिहासिक उपलब्धि बताया। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि ईरान के साथ डील पूरी हो चुकी है और यह कदम क्षेत्र में शांति की दिशा में बड़ा बदलाव साबित होगा। ट्रंप ने यह भी कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी, जिससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति को स्थिरता मिलेगी और तेल व्यापार सामान्य हो सकेगा।

ईरान ने दी सकारात्मक प्रतिक्रिया

ईरान की ओर से भी इस समझौते पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी गई है। रिपोर्ट्स के अनुसार, दोनों पक्षों ने एक एमओयू को अंतिम रूप दिया है, जिसका उद्देश्य क्षेत्रीय तनाव को कम करना और समुद्री सुरक्षा को मजबूत करना है। समझौते के तहत समुद्री मार्गों से बारूदी सुरंगों को हटाने और नौवहन की स्वतंत्रता बहाल करने पर भी सहमति बनी है।

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी समझौते का स्वागत

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी इस कदम का स्वागत किया जा रहा है। ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने इसे एक महत्वपूर्ण प्रगति बताया और कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने का निर्णय वैश्विक व्यापार और ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह समझौता सफलतापूर्वक लागू होता है तो यह न केवल पश्चिम एशिया में स्थायी शांति की दिशा में एक बड़ा कदम होगा, बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था को भी राहत प्रदान करेगा, जो लंबे समय से अस्थिरता का सामना कर रही थी।

प्रफुल्ल तिवारी
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प्रफुल्ल तिवारी

एक अनुभवी पत्रकार और लेखक, जो देश और दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता के साथ आप तक पहुँचाते हैं।

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