सोनिया के आरोप से भड़के भाजपा नेता : तरुण चुघ ने बटाला हाउस मुठभेड़ को लेकर घेरा, गिरिराज, नकवी और शाहनवाज ने भी किया पलटवार

नई दिल्ली। कांग्रेस संसदीय दल (सीपीपी) की अध्यक्ष सोनिया गांधी ने एक लेख के जरिए जहां आपातकाल को लेकर पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी का बचाव किया है। वहीं केन्द्र की मोदी सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। ने अपने लेख में पिछले 12 वर्षों के दौरान देश के लोकतंत्र और संवैधानिक संस्थाओं को नुकसान पहुंचने का आरोप लगाया था। सरकार पर लगाए आरोपों को लेकर भाजपा आक्रामक हो गई है। पार्टी के नेताओं ने सोनिया के बयान पर सवाल उठाते हुए कांग्रेस के शासनकाल- भ्रष्टाचार और राजनीतिक फैसलों को लेकर निशाना साधा है।
तरुण चुघ ने राम मंदिर और भारतीय संस्कृति का किया जिक्र
भाजपा सांसद तरुण चुघ ने सोनिया गांधी पर भारतीय संस्कृति और विरासत का अपमान करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भारत की सांस्कृतिक विरासत और विकास आज साथ-साथ आगे बढ़ रहे हैं। राम जन्मभूमि पर भव्य राम मंदिर, काशी कॉरिडोर और स्वर्ण मंदिर के आसपास हुए विकास कार्य इसके उदाहरण हैं।
चुघ ने राम मंदिर निर्माण को लेकर कांग्रेस की पुरानी भूमिका पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेताओं ने मंदिर निर्माण के रास्ते में बाधाएं खड़ी की थीं। इसके अलावा उन्होंने बाटला हाउस मुठभेड़ का मुद्दा उठाते हुए सोनिया गांधी से इस मामले पर भी जवाब देने की मांग की।
गिरिराज सिंह बोले- विदेशी मूल पर सवाल क्यों नहीं होना चाहिए?
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने सोनिया गांधी के विदेशी मूल का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा, उनके विदेशी मूल का जिक्र क्यों नहीं होना चाहिए? क्या उन्हें माता सीता की बेटी कहा जाना चाहिए? उनकी जड़ें इटली में हैं और इसे स्वीकार करने में कोई हिचकिचाहट नहीं होनी चाहिए।
गिरिराज सिंह ने कहा कि सोनिया गांधी ने भारतीय परिवार में शादी की और भारत ने उन्हें बहू के रूप में अपनाया। उन्होंने उनकी नागरिकता और परिवार से जुड़े कुछ आरोपों का भी जिक्र किया। साथ ही कहा कि कांग्रेस के शासनकाल में भ्रष्टाचार के गंभीर मामले सामने आए थे।
शाहनवाज हुसैन बोले- चार उंगलियां खुद की तरफ उठ रही हैं
भाजपा नेता शाहनवाज हुसैन ने सोनिया गांधी के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, सोनिया गांधी ने एक उंगली भाजपा की तरफ उठाई है और चार उंगली खुद की तरफ उठी है।
उन्होंने दावा किया कि पिछले 12 वर्षों में देश में कानून का राज है और सामाजिक सौहार्द कायम है। उनके मुताबिक, भारत की अर्थव्यवस्था तेजी से आगे बढ़ रही है और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश की साख मजबूत हुई है। उन्होंने कांग्रेस पर सरकार की उपलब्धियों को स्वीकार नहीं करने का आरोप लगाया।
नकवी ने आत्मकथा को बताया राजनीतिक दस्तावेज
पूर्व केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने सोनिया गांधी की पुस्तक और लेख पर निशाना साधते हुए कहा कि आत्मकथा में ईमानदारी होनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि सोनिया गांधी की किताब में राजनीतिक बातें ज्यादा हैं।
नकवी ने इसे कांग्रेस की बर्बादी की दास्तान बताते हुए कहा कि उन्हें उम्मीद थी कि सोनिया गांधी जैसी वरिष्ठ नेता अपनी आत्मकथा में अधिक ईमानदारी से अनुभव साझा करेंगी, लेकिन उन्हें इसमें राजनीतिक तड़का ज्यादा नजर आया।
प्रफुल्ल तिवारी
एक अनुभवी पत्रकार और लेखक, जो देश और दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता के साथ आप तक पहुँचाते हैं।
