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स्थायी खेल मैदान की मांग : बुधनी का दशहरा मैदान बारिश में बदहाल, खिलाड़ियों की प्रैक्टिस पर संकट

नीलम अहिरवार

नीलम अहिरवार

Aug 08, 2026
11:45 AM
बुधनी का दशहरा मैदान बारिश में बदहाल, खिलाड़ियों की प्रैक्टिस पर संकट

बुधनी। बारिश ने बुधनी के प्रसिद्ध दशहरा मैदान की हालत खराब कर दी है। थोड़ी सी बारिश होते ही मैदान में जगह-जगह पानी और कीचड़ जमा हो जाता है, जिससे स्कूलों के बच्चों और स्थानीय खिलाड़ियों को फुटबॉल सहित अन्य खेलों की प्रैक्टिस करने में परेशानी हो रही है। आने वाले दिनों में कई प्रतियोगिताएं होने के बावजूद मैदान की बदहाल स्थिति खिलाड़ियों की तैयारी में बाधा बन रही है।

स्थानीय खिलाड़ियों के मुताबिक शासकीय और निजी स्कूलों के बड़ी संख्या में बच्चे इसी मैदान में नियमित रूप से अभ्यास करते हैं। इसी मैदान से प्रैक्टिस कर कई खिलाड़ी जिला, राज्य, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचकर बुधनी का नाम रोशन कर चुके हैं। लेकिन बारिश के मौसम में मैदान का बड़ा हिस्सा पानी और कीचड़ से भर जाने के कारण खेलने लायक नहीं रह जाता।

खिलाड़ियों का कहना है कि प्रतियोगिताएं नजदीक हैं और ऐसे समय में मैदान की खराब स्थिति से उनकी तैयारी प्रभावित हो रही है। उनका सवाल है कि जब मैदान ही खेलने के लायक नहीं रहेगा तो वे बेहतर प्रदर्शन के लिए अभ्यास कैसे कर पाएंगे।

मैदान की देखरेख पर भी सवाल

दशहरा मैदान का इस्तेमाल केवल खेल गतिविधियों के लिए ही नहीं होता। यहां राज्य स्तरीय क्रिकेट प्रतियोगिताओं के अलावा दशहरा, धार्मिक आयोजन, शादी-विवाह और राजनीतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाते हैं। खिलाड़ियों का आरोप है कि बड़े आयोजनों के दौरान मैदान में मोरम डाली जाती है, लेकिन आयोजन समाप्त होने के बाद उसे दोबारा खेल के अनुकूल बनाने पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया जाता।

मोरम के साथ मैदान में बचे कंकर-पत्थर भी खिलाड़ियों के लिए परेशानी का कारण बनते हैं। इससे बच्चों के चोटिल होने का खतरा बना रहता है।

मैदान के स्वामित्व और देखरेख को लेकर भी स्थिति स्पष्ट नहीं होने की बात सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि पहले दशहरा मैदान एक्सीलेंस स्कूल के अधीन था, जबकि अब नगर पालिका द्वारा इस पर अपना अधिकार जताया जा रहा है। ऐसे में मैदान के रखरखाव और विकास की जिम्मेदारी आखिर किसकी है, यह सवाल भी खड़ा हो रहा है।

स्थायी खेल मैदान की मांग

बुधनी लंबे समय तक पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का विधानसभा क्षेत्र रहा है। इसके बावजूद शहर के खिलाड़ियों को आज भी एक व्यवस्थित और स्थायी खेल मैदान का इंतजार है। शहर के दूसरी तरफ मानव क्षेत्र में मैदान मौजूद है, लेकिन दूरी अधिक होने के कारण अधिकांश बच्चे वहां नियमित रूप से प्रैक्टिस नहीं कर पाते।

ऐसे में दशहरा मैदान शहर के खिलाड़ियों के लिए सबसे अहम खेल मैदान बना हुआ है। खिलाड़ियों और स्थानीय लोगों ने मुख्यमंत्री और सरकार से मैदान को स्थायी रूप से विकसित करने, जलभराव की समस्या दूर करने और बारिश के पानी की निकासी के लिए उचित व्यवस्था करने की मांग की है।

खिलाड़ियों का कहना है कि अगर सरकार वास्तव में खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाना चाहती है, तो उन्हें सबसे पहले सुरक्षित, समतल और सुविधायुक्त खेल मैदान उपलब्ध कराना होगा।

रिपोर्ट: संजय शर्मा, बुधनी
लोकेशन: बुधनी

नीलम अहिरवार
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नीलम अहिरवार

17 साल से टीवी और डिजिटल की दुनिया में सक्रिय। एंटरटेनमेंट, करंट अफेयर्स और पब्लिक कनेक्ट खबरों की धुरंधर। बॉलीवुड की हरकतों को दुनिया तक पहुंचाने में खास दिलचस्पी।

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