नर्मदा में मिल रहा गंदा पानी? : पहली बारिश में खुली ओंकारेश्वर की सफाई व्यवस्था की पोल नर्मदा में मिल रहा गंदा पानी, श्रद्धालुओं की आस्था को ठेस

चंद्रशेखर चंचल चौहान
संवाददाता, मांधाता विधानसभा क्षेत्र TV 27 न्यूज़
खंडवा। देशभर के श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र ओंकारेश्वर इन दिनों सफाई व्यवस्था और सीवरेज प्रबंधन को लेकर सवालों के घेरे में है पवित्र तीर्थ नगरी ओंकारेश्वर में मानसून की पहली तेज बारिश के बाद हालात चिंताजनक नजर आए। वार्ड क्रमांक-6 बालवाड़ी क्षेत्र सहित कई इलाकों में नालियां ओवरफ्लो हो गईं और गंदा पानी सड़कों पर बहने लगा। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई जगहों पर सफाई नियमित रूप से नहीं हो रही है, जिसके कारण कचरे और जलभराव की समस्या लगातार बढ़ रही है।
स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि नगर के सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट की क्षमता पर्याप्त नहीं होने के कारण गंदे पानी का उचित उपचार नहीं हो पा रहा है। इससे नर्मदा नदी के जल की शुद्धता पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। लोगों का कहना है कि यह स्थिति न केवल पर्यावरण के लिए चिंता का विषय है, बल्कि श्रद्धालुओं की धार्मिक आस्था को भी प्रभावित कर रही है।
देर शाम हुई तेज बारिश के दौरान ज्योतिर्लिंग दर्शन कर लौट रहे श्रद्धालुओं को भी परेशानियों का सामना करना पड़ा। कई स्थानों पर सड़कें जलमग्न हो गईं और गंदा पानी रास्तों पर भर गया। श्रद्धालुओं का कहना है कि नर्मदा स्नान और भगवान ओंकारेश्वर के दर्शन के बाद ऐसी अव्यवस्थाओं का सामना करना दुखद है।
ओंकारेश्वर कचरे का लगा अंबार
स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर के कई पुराने नाले और नालियां वर्षों से गहरीकरण और मरम्मत की प्रतीक्षा कर रहे हैं। उनका आरोप है कि मूलभूत सुविधाओं की ओर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया जा रहा है, जिसके कारण बारिश के दौरान स्थिति और गंभीर हो जाती है। नगरवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि सीवरेज सिस्टम की क्षमता बढ़ाई जाए, नालों-नालियों की नियमित सफाई कराई जाए और नर्मदा नदी में गंदे पानी के प्रवाह को तत्काल रोका जाए, ताकि तीर्थ नगरी की गरिमा और स्वच्छता बनी रह सके।
स्वच्छता पर उठ रहे सवाल
ओंकारेश्वर जैसी विश्व प्रसिद्ध धार्मिक नगरी में स्वच्छता और सीवरेज व्यवस्था को लेकर उठ रहे सवाल प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बनते जा रहे हैं। अब देखना होगा कि जिम्मेदार अधिकारी इन समस्याओं के समाधान के लिए कितनी तेजी से कदम उठाते हैं और श्रद्धालुओं व स्थानीय नागरिकों को राहत कब तक मिल पाती है।

नीलम अहिरवार
17 साल से टीवी और डिजिटल की दुनिया में सक्रिय। एंटरटेनमेंट, करंट अफेयर्स और पब्लिक कनेक्ट खबरों की धुरंधर। बॉलीवुड की हरकतों को दुनिया तक पहुंचाने में खास दिलचस्पी।
