दिन में छा गया अंधेरा! : राजस्थान के रेत के तूफान ने मचाई तबाही",80 KMPH की रफ्तार से चली आंधी, दो मौतें, अलर्ट जारी

राजस्थान के बीकानेर और चूरू में शनिवार को ऐसा नजारा देखने को मिला, जब रेत के विशाल गुबार ने पूरे आसमान को ढंक लिया और सूरज तक नजर आना बंद हो गया। दरअसल पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के असर से बीकानेर, चूरू, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ और सीकर समेत कई जिलों में भीषण धूलभरी आंधी चली। कुछ ही मिनटों में मौसम ने रौद्र रूप धारण कर लिया।
वायरल हुए डरावने वीडियो
सैकड़ों फीट ऊंचा धूल का गुबार आसमान में छा गया। उड़ती रेत इतनी घनी थी कि दिन का उजाला धुंधला पड़ गया और चारों ओर अंधेरे जैसे हालात बन गए। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में साफ दिखाई दिया कि कैसे रेत का विशाल बवंडर शहरों और गांवों को अपनी चपेट में ले रहा था। लोग सुरक्षित जगहों की ओर भागते नजर आए।
आंधी, बारिश और बिजली का कहर
धूलभरी आंधी के साथ कई जिलों में तेज बारिश और बिजली गिरने की घटनाएं भी सामने आईं। कई स्थानों पर बिजली के खंभे गिर गए, जिससे विद्युत आपूर्ति प्रभावित हुई।तेज हवाओं और धूल के कारण सड़कों पर दृश्यता बेहद कम हो गई।वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा और कई जगह यातायात प्रभावित रहा।इस प्राकृतिक कहर का असर सिर्फ इंसानों पर ही नहीं पड़ा।धूल और तेज हवाओं से घबराकर पशु भी इधर-उधर भागते दिखाई दिए।
एक घंटे तक चला तांडव
करीब एक घंटे तक धूल का बवंडर अपने चरम पर रहा।
इसके बाद हवाओं की रफ्तार कमजोर हुई और कई इलाकों में बारिश शुरू हो गई। भले ही शनिवार 30 मई को बारिश और मौसम में बदलाव से लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली। हालांकि तेज आंधी और खराब मौसम ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया।
दो मौतें, अलर्ट जारी
इस खराब मौसम और संबंधित हादसों में दो लोगों की मौत की खबर सामने आई है।
मौसम विभाग ने अगले 4-5 दिनों तक राजस्थान के कई हिस्सों में आंधी और बारिश की संभावना जताई है। प्रशासन और मौसम विभाग ने लोगों से सतर्क रहने, अनावश्यक यात्रा से बचने और मौसम संबंधी चेतावनियों का पालन करने की अपील की है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार यह प्रभाव पाकिस्तान की ओर से उठे धूल भरे तूफान का था. वहीं, मौसम विभाग ने अगले सात दिनों में केरल में मानसून पहुंचने की संभावना जताई है, लेकिन इस वर्ष सामान्य से कम बारिश होने का अनुमान भी व्यक्त किया है.
प्रकृति की ताकत का प्रदर्शन
राजस्थान का यह रेत का तूफान सिर्फ एक मौसमीय घटना नहीं, बल्कि प्रकृति की ताकत का ऐसा प्रदर्शन था जिसने कुछ ही मिनटों में पूरे माहौल को बदल दिया।
क्या आने वाले दिनों में मौसम का मिजाज और ज्यादा खतरनाक हो सकता है? फिलहाल सभी की नजर मौसम विभाग की अगली चेतावनी पर टिकी है।
नीलम अहिरवार
17 साल से टीवी और डिजिटल की दुनिया में सक्रिय। एंटरटेनमेंट, करंट अफेयर्स और पब्लिक कनेक्ट खबरों की धुरंधर। बॉलीवुड की हरकतों को दुनिया तक पहुंचाने में खास दिलचस्पी।
