वर्ल्ड जूनियर स्क्वैश चैंपियनशिप : भारत की उभरती स्क्वैश स्टार अनाहत का धमाकेदार प्रदर्शन, मलेशिया की ली को शिकस्त देकर क्वार्टर फाइनल में बनाई जगह

ओंटारियो। भारत की उभरती हुई स्क्वैश स्टार अनाहत सिंह ने वर्ल्ड जूनियर स्क्वैश चैंपियनशिप 2026 में शानदार खेल दिखाते हुए महिला एकल के क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली है। शीर्ष वरीयता प्राप्त अनाहत ने प्री-क्वार्टर फाइनल में मलेशिया की डॉयस ये सैन ली को एकतरफा मुकाबले में हराकर अपनी दावेदारी और मजबूत कर दी। पिछले वर्ष कांस्य पदक जीतने वाली भारतीय खिलाड़ी इस बार खिताब की प्रबल दावेदार मानी जा रही हैं।
सीधे गेम में दर्ज की शानदार जीत
अनाहत ने मुकाबले की शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाया और अपनी प्रतिद्वंद्वी को वापसी का कोई मौका नहीं दिया। उन्होंने 11-4, 11-8 और 11-3 के स्कोर से लगातार तीन गेम जीतकर मुकाबला अपने नाम किया। उनकी गति, सटीक शॉट्स और आत्मविश्वास ने एक बार फिर साबित किया कि वह इस टूर्नामेंट की सबसे मजबूत खिलाड़ियों में शामिल हैं।
अब मिस्र की खिलाड़ी से होगी कड़ी टक्कर
क्वार्टर फाइनल में अनाहत का सामना मिस्र की 5ध्8 वरीयता प्राप्त हबीबा रिजक से होगा। हबीबा ने अमेरिका की शार्लेट जे को चार गेम तक चले मुकाबले में हराकर अंतिम आठ में जगह बनाई है। दोनों खिलाड़ियों के बीच होने वाला मुकाबला काफी रोमांचक रहने की उम्मीद है, क्योंकि दोनों शानदार फॉर्म में हैं।
महिला वर्ग में दिखा कड़ा मुकाबला
महिला एकल में कई अन्य मुकाबले भी चर्चा में रहे। बेल्जियम की सवाना मोक्सहैम ने पहला गेम गंवाने के बाद शानदार वापसी करते हुए हांगकांग की एना क्वांग को 3-1 से हराया। वहीं मिस्र की मलिका एलकाराक्सी ने अमेरिका की दिया यादव को हराकर क्वार्टर फाइनल का टिकट पक्का किया।
आर्यवीर दीवान को मिली निराशा
पुरुष वर्ग में भारत को झटका तब लगा जब एशियाई अंडर-19 चैंपियन और 5ध्8 वरीयता प्राप्त आर्यवीर दीवान प्री-क्वार्टर फाइनल में हार गए। अमेरिका के यासीन शलाबी ने उन्हें 11-4, 11-1 और 11-5 से हराकर टूर्नामेंट से बाहर कर दिया। आर्यवीर से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद थी, लेकिन वह अपने खेल की लय नहीं पकड़ सके।
टीम स्पर्धा पर भी भारत की नजर
वर्ल्ड जूनियर स्क्वैश चैंपियनशिप में व्यक्तिगत मुकाबले 25 जुलाई तक खेले जाएंगे, जबकि 26 से 31 जुलाई तक टीम स्पर्धाएं होंगी। भारतीय टीम इस बार भी मजबूत प्रदर्शन की उम्मीद के साथ उतरेगी। पिछले साल भारत ने टीम स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर 13 वर्षों से चला आ रहा पदक का सूखा समाप्त किया था। इस बार भी भारतीय खिलाड़ियों से उसी प्रदर्शन को दोहराने की उम्मीद रहेगी।
प्रफुल्ल तिवारी
एक अनुभवी पत्रकार और लेखक, जो देश और दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता के साथ आप तक पहुँचाते हैं।
