मंगलवार, 3 नवंबर 202611:25:00 AM
Download App
Home/देश

भारत का रक्षा बजट होगा 7.85 लाख करोड़ : रक्षा मंत्री का बड़ा ऐलान, हथियारों के आधुनिकीकरण में खर्च होंगे 2.19 लाख करोड़

प्रफुल्ल तिवारी

प्रफुल्ल तिवारी

Nov 03, 2026
07:03 AM
रक्षा मंत्री का बड़ा ऐलान, हथियारों के आधुनिकीकरण में खर्च होंगे 2.19 लाख करोड़

नई दिल्ली। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मंगलवार को जैसलमेर में रक्षा मंत्रालय की संसदीय सलाहकारी समिति की बैठक को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि भारत का उद्देश्य सिर्फ आधुनिक हथियार बनाना नहीं, बल्कि ऐसा रक्षा तंत्र विकसित करना है, जिसमें सेना की जरुरतों के मुताबिक देश में ही तकनीक विकसत होगा और विदेशी निर्भरता कम हो। उन्होंने सरकार और निजी निजी उद्योगों की साझेदारी को पूरे देश का सामूहिक प्रयास बताते हुए कहा कि रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता के लिए होल ऑफ द नेशन अप्रोच जरूरी है।

रक्षा मंत्री ने कहा कि कहा कि बदलते वैश्विक हालात और युद्ध की नई चुनौतियों को देखते हुए तकनीक आज सैन्य शक्ति का अभिन्न अंग बन चुकी है। इसी को ध्यान में रखते हुए सरकार रक्षा बजट में लगातार बढ़ोतरी कर रही है। वित्त वर्ष 2026-27 में देश का कुल रक्षा बजट बढ़कर 7 लाख 85 हजार करोड़ रुपये हो गया है। इसमें सैन्य उपकरणों की खरीद और आधुनिकीकरण के लिए 2 लाख 19 हजार करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।

लगातार नई योजनाओं पर काम कर रहा डीआरडीओ

उन्होंने कहा कि रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) लगातार नई योजनाओं पर काम कर रहा है। आधुनिक हथियारों, मिसाइलों और सैन्य प्रणालियों का परीक्षण किया जा रहा है। सरकार ने निजी क्षेत्र को भी रक्षा उत्पादन में समान अवसर उपलब्ध कराए हैं। उन्होंने बताया कि भारतीय सेना में असनी, भैरव और शक्तिबाण प्लाटून जैसी नई सैन्य टुकड़ियां बदलती युद्ध परिस्थितियों और परिचालन जरूरतों के अनुरूप महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।

46 हजार करोड़ से बढ़कर 1.78 लाख करोड़ पहुंचा रक्षा उत्पादन

रक्षा मंत्री ने आत्मनिर्भरता की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए बताया कि वित्त वर्ष 2014-15 में भारत का रक्षा उत्पादन 46,429 करोड़ रुपये था, जो 2025-26 में बढ़कर रिकॉर्ड 1 लाख 78 हजार करोड़ रुपये हो गया है। वहीं, रक्षा निर्यात भी वर्ष 2014 में 2 हजार करोड़ रुपये से कम था, जो अब करीब 40 हजार करोड़ रुपये तक पहुंच गया है।

2029 तक बड़े लक्ष्य हासिल करने की तैयारी

सरकार ने वर्ष 2029 तक रक्षा उत्पादन को 3 लाख करोड़ रुपये और रक्षा निर्यात को 50 हजार करोड़ रुपये तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा है। इसके लिए एमएसएमई से लेकर बड़ी कंपनियों तक को रक्षा क्षेत्र से जोड़ा जा रहा है।

प्रफुल्ल तिवारी
Written By

प्रफुल्ल तिवारी

एक अनुभवी पत्रकार और लेखक, जो देश और दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता के साथ आप तक पहुँचाते हैं।

आपको यह खबर कैसी लगी? शेयर करें

अपने दोस्तों और परिवार के साथ साझा करें