बागपत : कलेक्ट्रेट में जिलाधिकारी की कुर्सी पर बैठा ‘मटरू', मीटिंग में अधिकारियों के बीच मचा हड़कंप !

बागपत। उत्तर प्रदेश के बागपत जिले की एक मीटिंग सोशल मीडिया पर सुर्खियां बटोर रही है। बागपत के जिलाधिकारी की मीटिंग के दौरान अचानक से लंगूर घुस गया था।
उसे देखकर डीएम अस्मिता लाल घबराती नहीं हैं बल्कि लंगूर से बात करती हैं। वो लंगूर के लिए अपनी सीट छोड़कर खड़ी हो जाती हैं। लंगूर को देखकर मीटिंग में मौजूद लोग उसे मीटिंग हॉल से बाहर निकालने की कोशिश करने लगे थे। हालांकि लंगूर डीएम से बातचीतकरती रहती हैं
कलेक्ट्रेट में रहता है ‘मटरू’
बताया जा रहा हैकि बागपत की डीएम अस्मिता लाल का पालतू लंगूर है. इस लंगूर का नाम मटरू है यह लंगूर कलेक्ट्रेट की फाइलों और बैठकों के बीच काफी सहज रहता है। अक्सर वह खिड़कियों पर बैठा रहता है, लेकिन इस बार उसने सीधे डीएम की कुर्सी तक पहुंच बना ली.और सीधे कुर्सी के पास उछल कूद मचाने लगा..जिसको लेकर अधिकारियों में हड़कंप मच गया
DM अस्मिता लाल वन्य जीव प्रेमी हैं
ये कोई पहला मौका नहीं जब मटरू नाम का ये लंगूर कलेक्ट्रेट में दिख रहा हो वो पहले भी अस्मिता लाल के साथ नजर आया वो कभी उनकी साड़ी का पल्लू लेकर चलता है तो कभी उनके हाथों से खाना भी खाता है यह कोई पहली बार नहीं है जब डीएम अस्मिता लाल का पशु-प्रेम सामने आया हो। असल में, वह एक जानी-मानी वन्य जीव प्रेमी हैं। इससे पहले भी उनके कई वीडियो और तस्वीरें सामने आ चुकी हैं, जिनमें वह बंदरों और अन्य जानवरों को खाना खिलाते या उनके साथ खेलते नजर आती हैं। बागपत में तैनात होने के बाद से ही लोग उनकी इस संवेदनशीलता के कायल हैं। कलेक्ट्रेट के कर्मचारी बताते हैं कि डीएम साहिबा के दफ्तर के आसपास अक्सर बंदरों का जमावड़ा रहता है और वह कभी उन्हें खुद से दूर नहीं करतीं। वहीं उन्होंने बेजुबान जानवरों को सर्दी से बचाने के लिए बागपत में अस्थायी रैन बसेरों का भी निर्माण कराया है।
जानिए कौन है अस्मिता लाल
बतादेंकि वो 2015 बैच की IAS अधिकारी हैं और मूल रूप से दिल्ली की रहने वाली हैं।
बागपत में जिलाधिकारी के रूप में यह उनकी पहली पोस्टिंग है।
इससे पहले वो गाजियाबाद में मुख्य विकास अधिकारी (CDO) के पद पर तैनात थीं, जहां उन्होंने 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' अभियान के लिए उल्लेखनीय कार्य किया था
मटरू ने गंभीर मुद्दे को बनाया हल्का
किसान दिवस की उस गंभीर बैठक में इस पल ने न केवल माहौल को हल्का कर दिया, बल्कि डीएम अस्मिता लाल की एक 'मानवीय और दयालु' छवि को भी जनता के सामने मजबूती से पेश किया है। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है
नीलम अहिरवार
17 साल से टीवी और डिजिटल की दुनिया में सक्रिय। एंटरटेनमेंट, करंट अफेयर्स और पब्लिक कनेक्ट खबरों की धुरंधर। बॉलीवुड की हरकतों को दुनिया तक पहुंचाने में खास दिलचस्पी।
