छत्तीसगढ़ की प्रमुख ख़बरें : छत्तीसगढ़ में महंगी होगी बिजली,विधायक सामूहिक विवाह योजना में करेंगे शादी,श्रमिकों के बच्चे बनेंगे डॉक्टर

छत्तीसगढ़ में महंगी होगी बिजली
छत्तीसगढ़ में जून महीने से बिजली उपभोक्ताओं को महंगाई का बड़ा झटका लग सकता है। राज्य में बिजली दरों में बढ़ोतरी के संकेत मिल रहे हैं और यदि बिजली नियामक आयोग प्रस्ताव को मंजूरी देता है, तो घरेलू, व्यावसायिक और औद्योगिक उपभोक्ताओं के बिजली बिल बढ़ सकते हैं। छत्तीसगढ़ पावर कंपनी ने हजारों करोड़ रुपये के घाटे का हवाला देते हुए टैरिफ बढ़ाने की मांग की है, जिस पर आयोग विचार कर रहा है।
राज्य पावर कंपनी ने करीब 6300 करोड़ रुपये के घाटे की भरपाई के लिए बिजली दर बढ़ाने की मांग रखी है। फरवरी में हुई जनसुनवाई के बाद से आयोग लगातार इस प्रस्ताव की समीक्षा कर रहा है। कंपनी का कहना है कि पुराने वित्तीय घाटों और वर्तमान खर्चों को देखते हुए टैरिफ बढ़ाना जरूरी हो गया है।
पावर कंपनी के मुताबिक 2026-27 के लिए अनुमानित राजस्व 26,216 करोड़ रुपये है, जबकि खर्च 25,460 करोड़ रुपये बताया गया है। आंकड़ों के हिसाब से कंपनी को करीब 756 करोड़ रुपये का लाभ होना चाहिए, लेकिन पुराने राजस्व अंतर और बकाया समायोजन के कारण कुल वित्तीय आवश्यकता बढ़कर 32,500 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। इसी वजह से कंपनी बिजली दरों में वृद्धि की मांग कर रही है।
विधायक सामूहिक विवाह योजना में करेंगे शादी
छत्तीसगढ़ की मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना इस बार सियासी चर्चा का बन गई है। इसकी वजह-बेमेतरा बीजेपी विधायक दीपेश साहू की योजना में शादी, जो 31 मई को होने वाले सामूहिक विवाह समारोह में होने जा रही है। अब इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस प्रदेश सरकार पर सवाल खड़ कर रही है
यहां बता दें, बेमेतरा में आयोजित मुख्यमंत्री कन्या विवाह कार्यक्रम में 24 जोड़े विवाह बंधन में बंधेंगे। इन्हीं में बीजेपी विधायक दीपेश साहू की भी शादी होगी। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा और अरुण साव समेत कई मंत्री शामिल होने वाले हैं। निमंत्रण पत्र में बाकायदा इन मेहमानों के नाम हैं।
श्रमिकों के बच्चे बनेंगे डॉक्टर
Employees' State Insurance Corporation यानी ESIC ने श्रमिक परिवारों के बच्चों के लिए MBBS और BDS कोर्स में प्रवेश प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस योजना के तहत देशभर के ESIC मेडिकल कॉलेजों में करीब 700 सीटें आरक्षित की गई हैं, जिन पर प्रवेश NEET मेरिट के आधार पर होगा।
जिन छात्रों ने NEET परीक्षा पास की है और वे ESIC की पात्रता शर्तों को पूरा करते हैं, उन्हें देशभर के 20 मेडिकल कॉलेजों में एडमिशन का मौका मिल सकता है। आवेदन की अंतिम तारीख 21 जून तय की गई है।
कौन कर सकता है आवेदन?
ऐसे छात्र जिनके माता-पिता ESIC योजना के तहत बीमित कर्मचारी हों
छात्र ने NEET परीक्षा उत्तीर्ण की हो
ESIC की निर्धारित पात्रता और योगदान संबंधी शर्तें पूरी हों
क्या मिलेगा फायदा?
MBBS और BDS सीटों में आरक्षण का लाभ
देशभर के ESIC मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश का अवसर
श्रमिक परिवारों के बच्चों को मेडिकल शिक्षा में बड़ी राहत
सुरक्षाबलों को मिली बड़ी कामयाबी
छत्तीसगढ़ के राजनादगांव जिले से सटे महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में जवानों को मिली बड़ी सफलता मिली है. जहां सुरक्षाबलों द्वारा चलाए जा रहे संयुक्त अंतरराज्यीय अभियान में गढ़चिरौली-नारायणपुर सीमा के घने जंगलों में संचालित माओवादियों के हथियार निर्माण केंद्र का भंडाफोड़ करते हुए भारी मात्रा में हथियार, विस्फोटक और शस्त्र निर्माण सामग्री बरामद की है. अभियान के दौरान बरामद कई खतरनाक सामग्रियों को घटना स्थल पर ही नष्ट कर दिया गया.
27 मई को जंगल क्षेत्र में सघन तलाशी अभियान के दौरान बीडीडीएस टीमों ने भूमिगत छिपाकर रखे गए हथियार और विस्फोटक सामग्री बरामद की. बरामद सामग्री में 1 इंसास राइफल – 2 सिंगल शॉट राइफल – 2 बारह बोर राइफल – 2 जिंदा एसएलआर कारतूस – 12 जिंदा .303 राइफल कारतूस – 4 जिंदा बारह बोर कारतूस – 25 किलो आईईडी विस्फोटक सामग्री – 2 क्लेमोर माइंस – 110 डेटोनेटर – कॉर्टेक्स वायर – 500 से अधिक बीजीएल सेल एवं बीजीएल सेल बनाने की सामग्री – 7 बीजीएल लॉन्चर – 3 ट्यूब लॉन्चर – लोहे की रॉड – हथियार निर्माण में उपयोग होने वाली 2 लेथ मशीनें – 2 मोटर – ग्राइंडर मशीन – इन्वर्टर एवं बैटरी – तारों के बंडल – सोलर प्लेट और भारी मात्रा में अन्य हथियार निर्माण सामग्री वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर बरामद माओवादी हथियार निर्माण सामग्री को सुरक्षा बलों द्वारा मौके पर ही नष्ट कर दिया गया.
थाना के बैरक में बैठकर जाम झलका रहे थे दो आरक्षक
Chhattisgarh Police में अनुशासनहीनता का बड़ा मामला सामने आया है। राजनांदगांव जिले में ड्यूटी के दौरान थाने में शराब पीते पकड़े गए दो प्रधान आरक्षकों पर सख्त कार्रवाई की गई है।
जानकारी के मुताबिक, सोमनी थाना में पदस्थ प्रधान आरक्षक हेमंत अनंत और भूपेंद्र कौचे 25 मई की रात करीब 11 बजे थाना बैरक में शराब पी रहे थे। मामले की जानकारी सामने आने के बाद जिले की एसपी Ankita Sharma ने दोनों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। जारी आदेश में कहा गया है कि निलंबन अवधि के दौरान दोनों पुलिसकर्मी मुख्यालय नहीं छोड़ सकेंगे।इस कार्रवाई को पुलिस विभाग में अनुशासन बनाए रखने के लिए कड़ा संदेश माना जा रहा है।
नीरज द्विवेदी
5 साल से ज्यादा का पत्रकारिता अनुभव। टीवी और प्रिंट मीडिया में कलमकारी की है। पॉलिटिकल और पब्लिक कनेक्ट की खबरों में दिलचल्पी। TV27NEWS DIGITAL में एंकरिंग भी कर रहे हैं।
