यूपी 2027 का रण : रेवणी राजनीति पर बरसी मायावती, मतदाताओं को चेताया, लखनऊ की मीटिंग में पांचवीं बार सत्ता में वापसी का रखा लक्ष्य

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) प्रमुख मायावती ने पार्टी संगठन को चुनावी मोड में आने का निर्देश दिया है। लखनऊ में प्रदेश, मंडल और सभी 75 जिलों के पदाधिकारियों के साथ बैठक करते हुए मायावती ने चुनावी रणनीति, उम्मीदवारों के चयन और बूथ स्तर तक संगठन की तैयारियों की समीक्षा की।
‘रेवड़ी’ और चुनावी वादों को लेकर मतदाताओं को चेताया
मायावती ने विरोधी दलों की चुनावी रणनीति पर निशाना साधते हुए मतदाताओं को चुनाव से पहले किए जाने वाले लुभावने वादों और निजी लाभ की घोषणाओं से सावधान रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि चुनावी मौसम में किए गए वादे कई बार सरकार बनने के बाद पूरे नहीं होते। इसलिए जनता को किसी भी तरह के चुनावी छलावे में आने के बजाय अपनी पसंद के उम्मीदवार को स्वतंत्र और निष्पक्ष तरीके से वोट देना चाहिए।
बीएसपी प्रमुख ने कहा कि सरकारों की जिम्मेदारी केवल चुनाव के समय घोषणाएं करना नहीं, बल्कि पूरे कार्यकाल में जनता के हित में काम करना है। उन्होंने महंगाई, गरीबी, बेरोजगारी और पिछड़ेपन जैसे मुद्दों को उठाते हुए कहा कि इन समस्याओं के चलते उत्तर प्रदेश के लोगों को रोजगार की तलाश में दूसरे राज्यों की ओर पलायन करना पड़ रहा है।
2027 में पांचवीं बार सरकार बनाने का लक्ष्य
मायावती ने पार्टी कार्यकर्ताओं से बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने और चुनावी तैयारियों में तेजी लाने को कहा। उन्होंने नेताओं को विरोधी दलों के ‘साम, दाम, दंड और भेद’ जैसे हथकंडों का मुकाबला करने के लिए पूरी ताकत से जुटने का निर्देश दिया।
उन्होंने कहा कि बीएसपी का लक्ष्य 2027 में उत्तर प्रदेश में पांचवीं बार सरकार बनाना है। मायावती ने दावा किया कि बीएसपी की पिछली सरकारों ने बिना चुनावी मौसम का इंतजार किए सामाजिक परिवर्तन और आर्थिक मुक्ति से जुड़े काम किए।
कांशीराम पुण्यतिथि कार्यक्रम की तैयारी पर भी चर्चा
बैठक में बीएसपी संस्थापक कांशीराम की 9 अक्टूबर को होने वाली पुण्यतिथि के कार्यक्रम की तैयारियों पर भी चर्चा हुई। मायावती ने बताया कि इस बार लखनऊ में ‘मान्यवर श्री कांशीराम जी स्मारक स्थल’ पर कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से मिशनरी भावना के साथ बड़ी संख्या में शामिल होने का आह्वान किया।
नेपाल की बाढ़ पर जताई चिंता
मायावती ने नेपाल में बाढ़ से हुई जान-माल की क्षति पर संवेदना जताई। साथ ही उत्तर प्रदेश में बाढ़ प्रभावित इलाकों, खासकर पूर्वांचल में, जरूरतमंद परिवारों तक राहत और सरकारी योजनाओं का लाभ तत्काल पहुंचाने की मांग की।
प्रफुल्ल तिवारी
एक अनुभवी पत्रकार और लेखक, जो देश और दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों को सटीकता के साथ आप तक पहुँचाते हैं।
