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भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर संसद में घमासान : कांग्रेस सांसद ने लोकसभा में पेश किया स्थगन प्रस्ताव, चर्चा कराने की अपील

कांग्रेस सांसद ने लोकसभा में पेश किया स्थगन प्रस्ताव, चर्चा कराने की अपील
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admin

Feb 04, 202612:08 PM

नई दिल्ली। भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर संसद में घमासान जारी है। यही नहीं, कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने बुधवार को लोकसभा में भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर चर्चा की मांग करते हुए स्थगन प्रस्ताव प्रस्तुत किया। इसके लिए उन्होंने लोकसभा के महासचिव स्नेहलता श्रीवास्तव को एक पत्र लिखा है।

उन्होंने सदन के कामकाज को स्थगित करने के प्रस्ताव पर चर्चा करने की अनुमति मांगी है। उनका कहना है कि यह प्रस्ताव एक अत्यंत महत्वपूर्ण और गंभीर सार्वजनिक मामले से संबंधित है, जिसे संसद में शीघ्र चर्चा की आवश्यकता है। कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने अपने पत्र में लिखा, मैं प्रस्ताव करता हूं कि यह सदन प्रश्नकाल, शून्यकाल और दिन के अन्य सभी सूचीबद्ध कार्यवाहियों को स्थगित कर दे ताकि एक अत्यंत महत्वपूर्ण सार्वजनिक मुद्दे पर विचार किया जा सके, अर्थात संयुक्त राज्य अमेरिका के राष्ट्रपति की ओर से जारी किया गया कथित बयान, जिसमें दावा किया गया है कि भारत के प्रधानमंत्री सहमत हो गए हैं।

रूस से तेल खरीदी पर यह बोले कांग्रेस सांसद

उन्होंने कहा कि भारत ने रूसी तेल खरीदना बंद करने के लिए, संयुक्त राज्य अमेरिका और वेनेजुएला से तेल आयात में काफी वृद्धि करने के लिए, भारतीय टैरिफ और गैर-टैरिफ बाधाओं को शून्य करने के लिए, और 500 बिलियन डॉलर से अधिक के अमेरिकी सामानों की खरीद के लिए प्रतिबद्ध होने पर सहमति व्यक्त की है।

तिवारी ने चर्चा की अनुमति देने किया आग्रह

उन्होंने कहा, रूसी कच्चे तेल ने ईंधन की महंगाई को कम करने में मदद की है, और किसी भी अचानक बदलाव से नागरिकों और उद्योगों पर बोझ पड़ सकता है। बड़े व्यापारिक समझौते घरेलू विनिर्माण, किसानों और लघु एवं मध्यम उद्यमों को भी प्रभावित कर सकते हैं। तिवारी ने केंद्र से तत्काल बयान जारी करने और पूरी चर्चा की अनुमति देने का आग्रह किया ताकि व्यापार, ऊर्जा और विदेश नीति के मामलों में पारदर्शिता के बिना लिए गए निर्णयों को देश के सामने प्रस्तुत न किया जाए।

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